पूर्णिमा क्या है?
पूर्णिमा पूर्ण चंद्र का दिन है — शुक्ल पक्ष की 15वीं तिथि, जब चंद्रमा सूर्य के सामने पूर्ण रूप से प्रकाशित होता है। यह पूजा, व्रत, दान और कई त्योहारों के लिए अत्यंत शुभ है, और गुरु पूर्णिमा व कार्तिक पूर्णिमा जैसी कुछ पूर्णिमाएँ बड़े पर्व हैं।
ऊपर की हर तिथि वह दिन है जिसके सूर्योदय पर पूर्णिमा प्रबल रहती है (उदय-तिथि नियम), जो उज्जैन संदर्भ पर वास्तविक खगोल-गणना से निकाले गए सटीक पूर्ण चंद्र से प्राप्त होती है — इसलिए यह पारंपरिक पंचांग से मेल खाती है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- पूर्णिमा क्या है?
- पूर्णिमा पूर्ण चंद्र का दिन है — शुक्ल पक्ष की 15वीं तिथि, जब चंद्रमा सूर्य के सामने पूर्ण रूप से प्रकाशित होता है। यह पूजा, व्रत, दान और कई त्योहारों के लिए अत्यंत शुभ है, और गुरु पूर्णिमा व कार्तिक पूर्णिमा जैसी कुछ पूर्णिमाएँ बड़े पर्व हैं।
- पूर्णिमा की तिथियाँ कैसे निकाली जाती हैं?
- हर तिथि वह दिन है जिसके सूर्योदय पर पूर्णिमा (पूर्ण चंद्र तिथि) प्रबल रहती है — शास्त्रीय उदय-तिथि नियम। हम वास्तविक ज्योतिषीय गणना से सटीक पूर्ण चंद्र क्षण निकालते हैं और उज्जैन संदर्भ पर सही कैलेंडर तिथि चुनते हैं। कुछ भी किसी सामान्य तालिका से अनुमानित नहीं है।
- एक वर्ष में कितनी पूर्णिमा होती हैं?
- आमतौर पर 12 — हर चंद्र माह में एक — और अधिक (अधिक मास) वाले वर्ष में कभी-कभी 13।
- पूर्णिमा पर क्या किया जाता है?
- पूर्णिमा व्रत, सत्यनारायण पूजा, दान और पवित्र नदियों में स्नान के साथ मनाई जाती है। कई पूर्णिमाएँ स्वयं त्योहार हैं — गुरु पूर्णिमा, शरद पूर्णिमा, कार्तिक पूर्णिमा और होलिका दहन उनमें से हैं।
- 2027 में अगली पूर्णिमा कब है?
- 2027 की सभी पूर्णिमा तिथियाँ ऊपर उनके वारों के साथ दी गई हैं; अगली आने वाली पहली तिथि है।
